आजमगढ़ । अत्याधुनिक नवनिर्मित रोडवेज भवन का निर्माण लगभग पूरा हो गया है। आधी- अधूरी व्यवस्था के बीच राडवेज की बसें सड़क से हटाकर परिसर में खड़ी होने लगी। रोडवेज प्रशासन के इस कार्रवाई से जाम से निजात मिली ही और यात्रियों को राहत मिली है। लेकिन रोडवेज तिराहे से रोडवेज की बसें हटते ही डग्गामार वाहन सडक पर कब्जा कर लिए हैं। इससे यात्रियों सहित रोडवेज कर्मियों की फजीहत बढ़ गई है। डग्गामार वाहनों के कारण फिर जाम की स्थिति बन रही है, लेकिन प्रशासन डग्गामार वाहनों पर रोक लगाने में नाकाम साबित हो रहा है। अत्याधुनिक रोडवेज भवन निर्माण होने से रोडवेज की बसें सडक पर ही खड़ी हो रही थी। हालांकि रोडवेज की बसें सड़क से हटा दी गई तो डग्गामार वाहन संचालकों ने तिराहे पर कब्जा जमा लिया। सबह छह बजे से दस बजे तक एवं शाम छह बजे तक रात दस बजे तक तिराहे पर डग्गामार वाहनों जमावडा हो जाता है। यात्रियों को कम किराया देने की लालच देकर बैठा लेते हैं और रास्तेभर यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ती है। तीन घंटे की यात्रा चार से पांच घंटे में परा कराते हैं। जगह- का कज्जा जगह घंटों रोकर देने से गर्मी में यात्रियों को फजीहत उठानी पड़ती है। यात्रियों को मुकाम तक पहुंचाने के बजाय कुछ दूर पहले ही उतार दिया जाता है। ऐसे में रोडवेज प्रशासन डग्गामार वाहनों पर रोक लगाने में नाकाम साबित हो रहा है। रोडवेज तिराहे पर डग्गामार वाहन खडा करने एवं सवारियों को बैठाने से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। डग्गामार वाहनों पर रोक लगाने के लिए पलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र भेजकर कार्रवाई की मांग की जाएगी।
रोडवेज बसें रोड से हटी तो डग्गामार वाहनों का कज्जा